खुर्जा टाइम्स
भारत

भारतीय किसान यूनियन (अराजनीतिक) ने खुर्जा तहसील में किसानों की समस्याओं को लेकर सौंपा ज्ञापन

किसानों की मूलभूत सुविधाओं, अवैध वसूली रोकने और 18 घंटे बिजली आपूर्ति की उठाई मांग

ग्रेट खुर्जा टाइम्स संवाददाता

खुर्जा, बुलंदशहर।
भारतीय किसान यूनियन (अराजनीतिक) के पदाधिकारियों एवं क्षेत्रीय किसानों ने सोमवार को खुर्जा तहसील पहुंचकर किसानों से जुड़ी विभिन्न ज्वलंत समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर उप जिलाधिकारी को हस्ताक्षरयुक्त ज्ञापन सौंपा। संगठन के नेताओं ने कहा कि यदि किसानों की समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं किया गया तो व्यापक स्तर पर आंदोलन किया जाएगा, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।

भाकियू (अराजनीतिक) के नेतृत्व में पहुंचे किसान प्रतिनिधिमंडल ने ज्ञापन के माध्यम से तहसील और ग्रामीण क्षेत्रों में व्याप्त अनेक समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। संगठन ने आरोप लगाया कि दाखिल-खारिज एवं पैमाइश जैसे कार्यों में किसानों से अवैध वसूली की शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं, जिससे आम किसान आर्थिक और मानसिक रूप से परेशान है। संगठन ने प्रशासन से इस पर तत्काल रोक लगाने और दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करने की मांग की।

ज्ञापन में नवीन सब्जी मंडी में किसानों और व्यापारियों के लिए मूलभूत सुविधाओं के अभाव का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। किसान नेताओं ने मंडी परिसर में पक्के चबूतरे, स्वच्छ पेयजल, शौचालय, नियमित सफाई व्यवस्था तथा अतिक्रमण हटाने की मांग करते हुए कहा कि किसानों को अपनी उपज बेचने के दौरान अत्यधिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।

इसके अतिरिक्त किसानों ने कृषि कार्यों के लिए समय पर खाद एवं यूरिया की उपलब्धता सुनिश्चित करने, ओवररेटिंग पर रोक लगाने तथा कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। किसानों का कहना था कि खेती-किसानी पहले ही बढ़ती लागत और प्राकृतिक चुनौतियों से जूझ रही है, ऐसे में खाद की किल्लत और अधिक दाम किसानों की कमर तोड़ रहे हैं।

ग्राम माचीपुर में नालों की सफाई न होने से उत्पन्न जलभराव और गंदगी की समस्या को भी ज्ञापन में गंभीर विषय बताया गया। किसान नेताओं ने कहा कि इससे ग्रामीणों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है और संक्रमण फैलने का खतरा बना हुआ है।

ज्ञापन में घरेलू गैस की कथित कालाबाजारी पर रोक लगाने, जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्रों में हो रही अवैध वसूली बंद कराने तथा क्षेत्र में बढ़ती आवारा पशुओं की समस्या का स्थायी समाधान निकालने की मांग भी की गई। किसानों ने कहा कि आवारा पशु किसानों की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा रहे हैं, इसलिए उन्हें तत्काल गौशालाओं में भेजने की व्यवस्था की जाए।

किसान यूनियन ने ग्रामीण क्षेत्रों में निर्बाध एवं पर्याप्त विद्युत आपूर्ति की मांग करते हुए कहा कि किसानों को सिंचाई के लिए कम से कम 18 घंटे बिजली उपलब्ध कराई जाए, ताकि फसलों की सिंचाई प्रभावित न हो और किसानों को डीजल पर अतिरिक्त खर्च न उठाना पड़े।

इस दौरान किसान नेताओं ने कहा कि देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ किसान आज भी बुनियादी सुविधाओं और प्रशासनिक उपेक्षा से जूझ रहा है। यदि सरकार और प्रशासन वास्तव में कृषि एवं ग्रामीण विकास को प्राथमिकता देना चाहते हैं, तो किसानों की समस्याओं का संवेदनशीलता के साथ समाधान करना होगा।
वरिष्ठ नेता कैलाश भागमल ने कहा है कि यदि जनहित के इन मुद्दों को शीघ्र ही सुलझाया नहीं गया तो बड़े पैमाने पर आंदोलन किया जायेगा.

इस अवसर पर कैलाश भागमल, हाजी बहाव, चौधरी कुलदीप गुड्डू, महेश कुमार, जयश्याम तोमर, विजयपाल सिंह निषाद सहित अनेक वरिष्ठ किसान नेताओं एवं पदाधिकारियों ने ज्ञापन पर हस्ताक्षर कर प्रशासन को सौंपा।

Related posts

आखिर कब खत्म होगा यमुना एक्सप्रेस वे का टोल?

khurja

जेवर एयरपोर्ट कनेक्टिविटी को मिलेगा नया आयाम : ₹4,463 करोड़ की डीएनडी–फरीदाबाद–सोहना हाईवे परियोजना का केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने किया निरीक्षण

khurja

जेवर एयरपोर्ट के आसपास बन रही “एयरपोर्ट सिटी” : होटल, बिजनेस पार्क और ट्रांसपोर्ट हब से बदलने जा रही है पूरी तस्वीर।

khurja

Leave a Comment